माइग्रेन को न करें अनदेखा: माइग्रेन के मरीज हैं तो ये 10 फूड्स हैं आपके दुश्मन, इनसे दूर रहने में है आपकी भलाई

0
47
Article Top Ad


13 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

अमेरिकन माइग्रेन फाउंडेशन के अनुसार, दुनिया में 100 करोड़ लोग माइग्रेन के शिकार हैं। यह एक प्रकार का सिर दर्द होता है, जिसमें व्यक्ति के सिर के आधे हिस्से में झनझनाहट होती है। यह दर्द कुछ घंटों से लेकर कई दिनों तक आपको परेशान कर सकता है। इस बीमारी को आनुवंशिक माना जाता है।

माइग्रेन कई तरह की चीजों से ट्रिगर हो सकता है। इसमें तेज साउंड, फ्लैश लाइट, चिंता, स्मेल, दवाइयां आदि शामिल हैं। साथ ही, ऐसी कुछ खाने-पीने की चीजें भी होती हैं, जो माइग्रेन अटैक को बढ़ावा दे सकती हैं। आइए जानते हैं उन 10 फूड्स के बारे में, जो अधिकतर लोगों में माइग्रेन को ट्रिगर करते हैं..

इस बीमारी को आनुवंशिक माना जाता है।

इस बीमारी को आनुवंशिक माना जाता है।

1. शराब

नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में प्रकाशित हुए एक शोध के अनुसार, 35% मरीजों को शराब पीने के बाद माइग्रेन होता है। साथ ही, रेड वाइन पीने वाले 77% लोग माइग्रेन के सिर दर्द से परेशान होते हैं। शराब पीने से शरीर में डीहाइड्रेशन होता है, जो सिर दर्द का प्रमुख कारण है।

2. चॉकलेट

शराब के बाद माइग्रेन को सबसे ज्यादा ट्रिगर करने वाला फूड चॉकलेट है। अमेरिकन माइग्रेन फाउंडेशन के मुताबिक, माइग्रेन से पीड़ित 22% लोगों को चॉकलेट से परेशानी होती है। चॉकलेट में कैफीन के साथ-साथ बीटा-फेनिलेथाइलामाइन केमिकल भी होता है, जिससे माइग्रेन का दर्द बढ़ता है।

माइग्रेन से पीड़ित 22% लोगों को चॉकलेट से परेशानी होती है।

माइग्रेन से पीड़ित 22% लोगों को चॉकलेट से परेशानी होती है।

3. कैफीन

अगर आप माइग्रेन होने के बाद भी चाय और कॉफी पीते हैं, तो सावधान हो जाइए। कैफीन का अधिक मात्रा में सेवन करने से आपका सिर दर्द बढ़ सकता है। कैफीन सबसे ज्यादा चाय, कॉफी और चॉकलेट में पाया जाता है।

4. आर्टिफिशियल स्वीटनर

बाजार में मिलने वाली अधिकतर चीजों में आर्टिफिशियल स्वीटनर का उपयोग किया जाता है। ये खाने-पीने की चीजों में मिठास लाने के काम आता है। लेकिन इसमें मिलने वाला एस्पार्टेम केमिकल माइग्रेन को ट्रिगर करता है।

5. MSG

मोनोसोडियम ग्लूटामेट (MSG) खाने के स्वाद को बढ़ाने में उपयोग किया जाता है। इसे अधिकतर चाइनीज, सूप और मांसाहारी भोजन में मिलाया जाता है। वैसे तो इसे खाने में सुरक्षित माना जाता है, लेकिन माइग्रेन के मरीजों के लिए ये हानिकारक होता है।

MSG खाने के स्वाद को बढ़ाने में उपयोग किया जाता है।

MSG खाने के स्वाद को बढ़ाने में उपयोग किया जाता है।

6. प्रोसेस्ड मीट

हैम, हॉट डॉग और सौसेज जैसे मीट्स में कई तरह के केमिकल, आर्टिफिशियल रंग और प्रिजरवेटिव होते हैं। ये हमारे ब्रेन के लिए अच्छे नहीं होते। माइग्रेन के मरीजों में इन मीट्स को खाने से समस्या पैदा हो सकती है।

7. चीज

पुराने चीज में टायरामाइन नामक पदार्थ होता है, जिससे माइग्रेन व अन्य प्रकार के सिर दर्द होते हैं। फेटा, ब्लू चीज और परमेजन में टायरामाइन सबसे ज्यादा पाया जाता है।

पुराने चीज में टायरामाइन नामक पदार्थ होता है, जिससे माइग्रेन व अन्य प्रकार के सिर दर्द होते हैं।

पुराने चीज में टायरामाइन नामक पदार्थ होता है, जिससे माइग्रेन व अन्य प्रकार के सिर दर्द होते हैं।

8. ज्यादा नमक वाला खाना

ज्यादा नमक मतलब ज्यादा सोडियम। शरीर में सोडियम की अधिक मात्रा ब्लड प्रेशर बढ़ाती है, जिससे लोगों को सिर दर्द और माइग्रेन हो सकता है।

9. फ्रोजन फूड्स

फ्रोजन फूड जैसे आइसक्रीम और स्लश खाने से लोगों को सिर में तेज, गंभीर दर्द हो सकता है। व्यायाम करने के तुरंत बाद जल्दी-जल्दी ठंडा खाने से भी माइग्रेन होता है।

आइसक्रीम और स्लश खाने से लोगों को सिर में तेज, गंभीर दर्द हो सकता है।

आइसक्रीम और स्लश खाने से लोगों को सिर में तेज, गंभीर दर्द हो सकता है।

10. अचार या फर्मेंटिड फूड

पुराने चीज की तरह लंबे समय से रखा हुआ अचार या फर्मेंटिड फूड खाने से भी माइग्रेन अटैक आ सकता है। इनमें भी टायरामाइन केमिकल की मात्रा अधिक होती है। उदाहरण- अचार, किमची, कोम्बुचा आदि।

खबरें और भी हैं…



Source